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  • क्या यहीं इस्तेमाल करेंगे

    क्या यहीं इस्तेमाल करेंगे

    (कुछ लोगों का उपचार सिर्फ़ कुतर्क होता है)

     

    तलब होती है बावली,

    क्योंकि रहती है उतावली।

     

    श्रीमानजी ने

    सिगरेट ख़रीदी

    एक जनरल स्टोर से,

    और फ़ौरन लगा ली

    मुंह के छोर से।

     

    ख़ुशी में गुनगुनाने लगे,

    और वहीं सुलगाने लगे।

     

    दुकानदार ने टोका,

    सिगरेट जलाने से रोका—

    श्रीमानजी!

    मेहरबानी कीजिए,

    पीनी है तो बाहर पीजिए।

     

    श्रीमानजी बोले—

    कमाल है,

    ये तो बड़ा ही

    अजीब सा

    गोलमाल है।

    पीने नहीं देते

    तो बेचते क्यों हैं?

     

    दुकानदार बोला—

    इसका जवाब यों है

    कि बेचते तो हम

    लोटा भी हैं,

    और बेचते

    जमालगोटा भी हैं,

    अगर

    इन्हें ख़रीदकर

    आप हमें

    निहाल करेंगे,

    तो क्या यहीं

    उनका इस्तेमाल करेंगे?

    wonderful comments!

    1. narendra gauniyal सितम्बर 13, 2012 at 6:49 पूर्वाह्न

      bahut khoob ashok ji

    2. Rahul Sharma सितम्बर 13, 2012 at 7:09 पूर्वाह्न

      वाह वाह! बहुत खूब!

    3. Bhupendra Parihar सितम्बर 13, 2012 at 7:52 पूर्वाह्न

      Bahut achi kavita hai,

    4. sanjay sharma सितम्बर 13, 2012 at 7:53 पूर्वाह्न

      kya khub hai bhai sab

    5. sanjay sharma सितम्बर 13, 2012 at 7:53 पूर्वाह्न

      bahut badia bhai sab

    6. gurmeet singh kalsi सितम्बर 13, 2012 at 7:57 पूर्वाह्न

      wah ji wah

    7. Vyas Khera सितम्बर 13, 2012 at 8:06 पूर्वाह्न

      bahut ache

    8. arun agarwal सितम्बर 13, 2012 at 8:58 पूर्वाह्न

      shudhha tark !

    9. Alok Trivedi सितम्बर 13, 2012 at 9:24 पूर्वाह्न

      Ashok Ji aapne kya vyangya kiya bahut khub Vah Vah

    10. chhandosree सितम्बर 13, 2012 at 12:51 अपराह्न

      aapke vyang ke hum hain kayal; mahashay COALGATE par kuchh dijiye, jisse sarkar hui ghayal.

    11. Mohan Lal Sharma सितम्बर 13, 2012 at 1:02 अपराह्न

      ये फसे बुक पर चरितार्थ होता है

    12. Mohan Lal Sharma सितम्बर 13, 2012 at 1:02 अपराह्न

      ये फसे बुक पर चरितार्थ होता है

    13. Mohan Lal Sharma सितम्बर 13, 2012 at 1:02 अपराह्न

      ये फसे बुक पर चरितार्थ होता है

    14. Chander Ghogha सितम्बर 13, 2012 at 1:10 अपराह्न

      nahi

    15. Chander Ghogha सितम्बर 13, 2012 at 1:10 अपराह्न

      nahi

    16. Chander Ghogha सितम्बर 13, 2012 at 1:10 अपराह्न

      nahi

    17. unmesh सितम्बर 13, 2012 at 8:30 अपराह्न

      wah wah

    18. ashutosh mishra सितम्बर 20, 2012 at 10:37 पूर्वाह्न

      ... mare sb durr hojate hai shok.... ... mai jb sunta hu kavi Ashok...... Naskaar sirrrrrr.

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